प्रिसीजन मेडिसिन के होते हैं बेहतर परिणाम और कम साइड इफेक्ट: डॉ. अविनाश अग्रवाल

Lucknow KGMU News in Hindi: प्रिसीजन मेडिसिन कई तरह से फायदेमंद है। इससे प्रत्येक मरीज को उनकी विशिष्ट आवश्यकताओं के अनुसार सबसे प्रभावी इलाज मुहैया कराया जाता है। यह जानकारी केजीएमयू क्रिटिकल केयर मेडिसिन विभाग के अध्यक्ष डॉ. अविनाश अग्रवाल ने दी। वह केजीएमयू के अटल बिहारी वाजपेई सांइटिफिक कन्वेंशन सेंटर में आयोजित प्रिसीजन मेडिसिन एंड इनटेंसिव केयर पर कान्फ्रेंस को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि इसके बेहतर परिणाम और कम साइड इफेक्ट होते हैं। यह दवाओं की प्रभावकारिता में सुधार करता है। क्योंकि यह व्यक्तिगत रूप से निर्धारित की जाती है। बीमारियों को बेहतर ढंग से प्रबंधित करने में मदद मिलती है। जिससे मरीजों को बेहतर गुणवत्तापूर्ण जीवन जीने में मदद मिलती है।
क्यों जरूरी है इस तरह की कांफ्रेंस, सोनिया निय्तानंद से डाला प्रकाश
उन्होंने बताया, साथ ही बेवजह कई जांचें और इलाज से बचाने में भी मदद करता है। जिससे स्वास्थ्य देखभाल लागत कम हो जाती है। इससे पहले कांफ्रेंस की शुरुआत केजीएमयू की कुलपति डॉ. सोनिया नित्यानंद ने की। उन्होंने कहा कि इस तरह की कान्फ्रेंस से ज्ञान व तकनीक का आदान प्रदान होता है। डॉक्टरों को इलाज की नई तकनीक सीखने का मौका मिलता है। नई दवाओं और जांच की जानकारी होती है। इस मौके पर 300 से ज्यादा डॉक्टरों ने हिस्सा लिया।