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Dengue ke Lakshan: बदलते मौसम में दिखें यह लक्षण तो हो सकता है डेंगू

 

Dengue ke Lakshan: बदलते मौसम और मानसून के बीच डेंगू होना एक आम समस्या है। इस मौसम में डेंगू का मच्छर सक्रिय हो जाता है। ऐसे में मानसून के दौरान डेंगू के मामलें अधिक बढ़ जाते हैं। देखने में तो डेंगू के लक्षण आम बुखार जैसे ही लगते है। हालांकि सही समय पर इनका उपचार करने से डेंगू को नियंत्रित किया जा सकता है। डेंगू बुखार एड़ीस एजिप्टी नामक संक्रमित मच्छर के काटने से होता है। जब यह संक्रमित मच्छर किसी स्वस्थ इंसान को काटता है, तो यह वायरस इंसान के खून में पहुँच जाता है।

आमतौर पर यह मच्छर घरों या आसपास जमा साफ और रुके हुए पानी जैसे कूलर, बाल्टी या गमले में पनपते हैं। समय पर उपचार न मिलने से व्यक्ति की जान भी जा सकती है। ऐसे में डेंगू के लक्षणों को सही समय पर पहचानना बेहद जरूरी है। जानिए डेंगू के लक्षण, सावधानियां और इसे बढ़ने से रोकने के लिए कुछ आसान तरीके।

कैसे होता है डेंगू? | Dengue ke Lakshan

असल में डेंगू कोई एक इंसान से दूसरे इंसान तक फैलने वाला बुखार नहीं है। यह डेंगू के मच्छर यानी कि एड़ीस एजिप्टी के काटने से फैलता है। यह मच्छर डेंगू के साथ-साथ चिकनगुनिया भी फैलाता है। यह मच्छर किसी डेंगू से संक्रमित व्यक्ति को काटने के बाद स्वस्थ व्यक्ति को काट कर उसे संक्रमित कर देते हैं। डेंगू के लक्षण असल में मच्छर के काटने के 4-5 दिन बाद दिखना शुरू होते हैं। यह मच्छर दिन में काटता है और लोगों को संक्रमित करता है।

डेंगू के मुख्य लक्षण | Dengue ke Lakshan

डेंगू के सबसे मुख्य लक्षण अचानक तेज बुखार, सिरदर्द और जोड़ों में दर्द होता है। कुछ लोगों को डेंगू बुखार उतरने के बाद भी होता है। वहीं डेंगू के अन्य लक्षण भी होते हैं। जब बुखार के यह सामान्य लक्षण आंखों में दर्द, उल्टी, पेट में दर्द, और लगातार बिना वजह थकान में बदल जाएं, तो यह डेंगू के लक्षण हो सकते हैं। ऐसे में आपको खुद से दवाई न लेकर डॉक्टर की सलाह लेना चाहिए। वैसे तो डेंगू का कोई उपचार नहीं होता है, इसका इलाज बुखार के लक्षणों के मुताबिक ही किया जाता है।

इन चीजों का रखें ध्यान | Dengue ke Lakshan

डेंगू के दौरान शरीर में प्लेटलेट्स की कमी हो जाती है। बुखार के दौरान यह तेजी से घटने लगते हैं, इनकी संख्या कम होने से इंसान की जान भी जा सकती है। ऐसे समय पर पपीते के पत्तों का जूस पीने की सलाह दी जाती है। पपीते के पत्तों से प्लेटलेट्स घटने की संख्या कम होती है और इन्हें रोका जा सकता है। वहीं आराम करने और संतूलित आहार लेने से आप जल्दी रिकवर हो सकते हैं। बदलते मौसम में बुखार के सामान्य लक्षण दिखने पर उन्हें नजरअंदाज करने की बजाय सही समय पर इलाज लेने से आप जल्दी रिकवर हो सकते हैं।

Walking After Meal

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